रांची की स्पेशल PMLA कोर्ट ने बरगाई जमीन घोटाले के मामले में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के खिलाफ आरोप तय किए।
झारखंड में रांची की स्पेशल PMLA कोर्ट ने बुधवार को बरगाई जमीन घोटाले के मामले में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के खिलाफ आरोप तय कर दिए हैं। उनके खिलाफ यह कार्रवाई PMLA (मनी-लॉन्ड्रिंग रोकथाम अधिनियम, 2002) के तहत की गई। उनके वकील ने बताया कि सोरेन पर 8.86 एकड़ जमीन की कथित धोखाधड़ी से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में आरोप तय किए गए हैं। कार्रवाई के दौरान मुख्यमंत्री सोरेन वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए पेश हुए।
इससे पहले ED (एनफोर्समेंट डायरेक्टरेट) ने राज्य की राजधानी के बरगाई इलाके में जमीन के कथित अवैध अधिग्रहण और ट्रांसफर के सिलसिले में मनी लॉन्ड्रिंग का मामला दर्ज किया था।
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कोर्ट ने आरोप तय कर मामला ट्रायल के लिए आगे बढ़ाया
इस बारे में जानकारी देते हुए वकील संजीव सहाय ने कहा, ‘स्पेशल PMLA (प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट) कोर्ट ने झारखंड के मुख्यमंत्री पर आरोप तय किए और अब मामले को ट्रायल के लिए आगे बढ़ाया है।’ अब इस मामले में ट्रायल शुरू होगा और गवाहों से पूछताछ की जाएगी।
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HC का PMLA कोर्ट की कार्यवाही पर रोक लगाने से इनकार
उधर बुधवार को ही हुए एक अन्य घटनाक्रम में झारखंड हाई कोर्ट ने इस जमीन घोटाले से जुड़े मामले में, रांची की स्पेशल PMLA कोर्ट द्वारा उन पर आरोप तय करने की प्रक्रिया पर रोक लगाने से इनकार कर दिया।
इस दौरान सोरेन ने रांची की PMLA कोर्ट में आरोप तय करने की प्रक्रिया की वैधता को चुनौती देते हुए हाई कोर्ट में याचिका लगाई थी। लेकिन सुनवाई के बाद हाई कोर्ट ने स्पेशल कोर्ट में चल रही आरोप तय करने की कार्यवाही पर रोक लगाने से इनकार कर दिया। इस दौरान कोर्ट ने स्पष्ट किया कि केवल हाई कोर्ट में दायर याचिका के आधार पर कार्यवाही रोकने की मांग पर विचार नहीं किया जाएगा।
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HC में 28 अक्टूबर को होगी मामले की अगली सुनवाई
इस मामले पर 29 सितंबर को आंशिक सुनवाई हुई थी, जिसके बाद मुख्य न्यायाधीश एमएस सोनाक और जस्टिस मनोज प्रसाद की बेंच ने 30 सितंबर को दोपहर 2:15 बजे विस्तृत सुनवाई तय की थी। बुधवार को सुनवाई के दौरान, कोर्ट ने प्रवर्तन निदेशालय (ED) से जवाब मांगा और केंद्र सरकार को अपना जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया। अगली सुनवाई 28 अक्टूबर को तय की गई है।
